सुभाष गाताडे
सुभाष गाताडे

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Subhash Gatade, writer, translator and activist, he writes in Hindi, English and Marathi and sometimes in Urdu. He has five books to his credit, two in English, two in Hindi and one in Gujarati

‘हिन्दु राज्य की बात को पागलपन भरा विचार’ घोषित किया था सरदार पटेल ने
स्मृतिलोप से हट कर यथार्थ की ओर  हिंदी समाज में हीरा डोम की तलाश
हिन्दू राष्ट्र की डिस्टोपियन दुनिया में आप का स्वागत है जहां विचार ही अब द्रोह है
पवित्र गाय त्याज्य लोग  गाय के नाम पर हिंसा को वैधता प्रदान करने का सिलसिला कब तक
संघ कुनबे में मनुस्मृति का चिरस्थायी सम्मोहन
रूमल मुरूगन सोवेन्द्र हांसदा शेखर और अब ओमप्रकाश वाल्मीकि  निशाने पर ‘‘जूठन’
बाबा साहेब ने कहा था - अस्पृश्यता सारतः राजनीतिक सवाल है
हम भी इन्सान है इस बात को साबित करने के लिए जब तालाब पर गए बाबा साहेब
अगर मैं पाप करता हूं तो मैं धार्मिक तरीके से ही पाप करता हूं
‘‘जब पानी में आग लगी थी’’  महाड सत्याग्रह के नब्बे साल