खुदाई में गणतंत्र के अवशेष : 3018

संविधान के फटे पन्नों में कुछ कँकाल मिले किनके थे कँकाल  एकमत नहीं विद्वान  संविधान रक्षकों या एनकाउंटर में मरों के ?...

जसबीर चावला

खुदाई में गणतंत्र के अवशेष : 3018

 

सन तीन हजार अट्ठारह

किसी गणतंत्र के अवशेष मिले 

संविधान के फटे पन्नों में कुछ कँकाल मिले

किनके थे कँकाल 

एकमत नहीं विद्वान 

संविधान रक्षकों या एनकाउंटर में मरों के ?

 

दस्तावेज़ी सुबूत मिले

अदालतों में भी बुत बैठते थे 

न्याय सत्ता के चश्मे से लिखा जाता था 

न्यायमूर्तियों पर चँवर ढुलते थे

 

एक भूलभुलैया सँसद थी

हंगामा करते साँसद थे

विद्वानों में मतभेद नहीं 

हजार साल पहले संविधान था

सुँदर न्यायालय था

गलियों में कूड़ा खाती माताएँ थी

 

 जसबीर चावला

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