मोदी सरकार ने माना, डॉ. मनमोहन सिंह के कार्यकाल में भारत ने हासिल की सर्वाधिक विकास दर

डॉ. मनमोहन सिंह के कार्यकाल में भारत में सर्वाधिक विकास दर हासिल की ?  और आजादी के बाद सर्वाधिक 10.2 प्रतिशत आर्थिक वृद्धि दर राजीव गांधी के प्रधानमंत्रित्व काल में हासिल हुई ?...

मोदी सरकार ने माना, डॉ. मनमोहन सिंह के कार्यकाल में भारत ने हासिल की सर्वाधिक विकास दर

नई दिल्ली, 18 अगस्त। क्या आप जानते हैं कि पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के कार्यकाल में भारत में सर्वाधिक विकास दर हासिल की ?  और आजादी के बाद सर्वाधिक 10.2 प्रतिशत आर्थिक वृद्धि दर राजीव गांधी के प्रधानमंत्रित्व काल में हासिल हुई ?

जी हाँ, इस तथ्य का खुलासा स्वयं केंद्र में काबिज मोदी सरकार ने किया है। राष्ट्रीय सांख्यिकी आयोग द्वारा गठित ‘कमेटी आफ रीयल सेक्टर स्टैटिक्स’ की एक रिपोर्ट में इस बात का खुलासा किया गया है कि डॉ. मनमोहन सिंह के कार्यकाल में भारत ने सर्वाधिक विकास दर हासिल की थी। देश की आर्थिक वृद्धि दर का आंकड़ा 2006-07 में 10.08 प्रतिशत रहा जो कि उदारीकरण शुरू होने के बाद का सर्वाधिक वृद्धि आंकड़ा है। यह आंकड़ा पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के कार्यकाल का है। रिपोर्ट के मुताबिक आजादी के बाद सर्वाधिक 10.2 प्रतिशत आर्थिक वृद्धि दर राजीव गांधी के प्रधानमंत्रित्व काल में हासिल हुई।

राष्ट्रीय सांख्यिकी आयोग द्वारा गठित ‘कमेटी आफ रीयल सेक्टर स्टैटिक्स’ ने पिछली श्रृंखला (2004-05) के आधार पर जीडीपी आंकड़ा तैयार किया। 25 जुलाई 2018 को जारी 178 पृष्ठ की यह रिपोर्ट सांख्यिकी और कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय की वेबसाइट पर जारी की गयी है।  रिपोर्ट के चैप्टर 5 Conversion of old GDP series to new base year 2011-12 में पुरानी श्रृंखला (2004-05) और नई श्रंखला 2011-12 की कीमतों पर आधारित वृद्धि दर की तुलना की गयी है। पुरानी श्रंखला 2004-05 के तहत सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की वृद्धि दर स्थिर मूल्य पर 2006-07 में 9.57 प्रतिशत रही। उस समय मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री थे। नई श्रृंखला (2011-12) के तहत यह वृद्धि दर संशोधित होकर 10.08 प्रतिशत रहने की बात कही गयी है।

वर्ष 1991 में तत्कालीन प्रधानमंत्री पी वी नरसिम्हा राव की अगुवाई में शुरू आर्थिक उदारीकरण की शुरूआत के बाद यह देश की सर्वाधिक वृद्धि दर है।

रिपोर्ट के बाद कांग्रेस ने रिपोर्ट के पेज 145 टेबल 5.2 का स्क्रीन शॉट जारी करते हुए ट्विटर पर लिखा है,

‘जीडीपी श्रृंखला पर आधारित आंकड़ा अंतत: आ गया है. यह साबित करता है कि संप्रग शासन के दौरान (औसतन 8.1 प्रतिशत) की वृद्धि दर मोदी सरकार के कार्यकाल की औसत वृद्धि दर (7.3 प्रतिशत) से अधिक रही।

कांग्रेस ने कहा,

‘संप्रग सरकार के शासन में ही वृद्धि दर दहाई अंक में रही जो आधुनिक भारत के इतिहास में एकमात्र उदाहरण है।’ रिपोर्ट के अनुसार बाद के वर्षों के लिये भी जीडीपी आंकड़ा संशोधित कर ऊपर गया है। राष्ट्रीय सांख्यिकी आयोग ने इन आंकड़ों के संग्रह, मिलान और प्रसार के लिये प्रणाली तथा प्रक्रियाओं को मजबूत करने हेतु उपयुक्त उपायों का सुझाव देने के लिये समिति का गठन किया था।

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