पहली बार साथ आएंगे मोदी सरकार की नीतियों से नाराज किसान और मज़दूर

रैली का आयोजन अखिल भारतीय किसान सभा, सीटू और खेत मज़दूर यूनियन कर रहे हैं, जिसे किसान मजदूर संघर्ष रैली नाम दिया गया है। ...

पहली बार साथ आएंगे मोदी सरकार की नीतियों से नाराज किसान और मज़दूर

नई दिल्ली, 04 सितंबर। देश के किसान और मज़दूर अपनी अपनी समस्याओं को लेकर आंदोलन करते रहते हैं, पर अब ये दोनों साथ आ रहे हैं। 5 सितम्बर को राजधानी दिल्ली में किसान , मज़दूर और खेत मज़दूरों की रैली होने जा रही है। इस रैली में 5 लाख लोगों के हिस्सा लेने की सम्भावना है, अगर ऐसा होता है,तो यह राजधानी दिल्ली में होने वाली अब तक की सबसे बड़ी रैली होगी।

रैली का आयोजन अखिल भारतीय किसान सभा, सीटू और खेत मज़दूर यूनियन कर रहे हैं, जिसे किसान मजदूर संघर्ष रैली नाम दिया गया है। किसान सभा के महासचिव हन्नान मोल्लाह ने पत्रकारों को बताया, कि रैली में आने वाले लोगों को रामलीला मैदान के अलावा गाज़ियाबाद और फरीदाबाद में रुकवाया जायेगा।

5 सितम्बर को सुबह 9 बजे रैली शुरू होगी, मुख्य रैली रामलीला मैदान से निकाली जाएगी, बाकी लोग 6 अलग अलग जगहों से रैली बनाकर निकलेंगे।

उन्होंने बताया कि उन लोगों ने वोट क्लब की मांग की थी, जिससे यातायात प्रभवित ना हो, पर प्रशासन ने इंकार कर दिया।

सीटू अध्यक्ष हेमलता ने बताया जनता मोदी सरकार की नीतियों से नाराज है, उन्होंने कहा ये शुरुआत है, आगे इस तरह के संयुक्त कार्यक्रम कई होंगे। इस रैली में अकेले नासिक से 15 हज़ार लोग आ रहे हैं, जिन्होंने मुम्बई मार्च किया था। नासिक से पूरी ट्रैन बुक कराई गई है।

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