गुजरात के अल्पसंख्यकों की मांग : हथियार प्रशिक्षण, त्रिशूल दीक्षा को तत्काल रोके सरकार

अहमदाबाद में “मुसलमान और मुस्लिम तंज़ीमों पर हमले और कब तक” विषय पर आयोजित एक राज्य स्तरीय सम्मेलन में इसआशय का प्रस्ताव पारित किया गया।...

अहमदाबाद। माइनॉरिटी कोआर्डिनेशन कमेटी ने मांग की है कि हथियार प्रशिक्षण, त्रिशूल दीक्षा आदि कार्यक्रमों को सरकार तुरंत रोके।

अहमदाबाद में “मुसलमान और मुस्लिम तंज़ीमों पर हमले और कब तक” विषय पर आयोजित एक राज्य स्तरीय सम्मेलन में इसआशय का प्रस्ताव पारित किया गया।

सम्मेलन के उद्देश्य पर रोशनी डालते हुए मुजाहिद नफ़ीस ने कहा कि पूरे मुल्क में जानबूझ कर मुसलमानों के ऊपर उनके रोजगार धंधे को खत्म करने के उद्देश्य से लगातार हमले हो रहे हैं। राजस्थान में पहलू खान, उमर खान और राजसमंद की घटना। वहीं अपने गुजरात में वड़ावली, वड़ागाम और छत्राल में साम्प्रदायिक हिंसा की वजह से नौजवान की जान चली जाए। कच्छ में 4 दरगाहों को तोड़ देना। सरकार ने छत्राल मामले में कंपनसेशन देने से साफ इंकार कर दिया। इसलिये अब ज़रूरी हो गया है कि हम सभी लोग आवाज़ बुलंद करें और ये संदेश सरकार, समाज को दें कि मुस्लिमों पर और मुस्लिम तंज़ीमों पर अब हमले बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे।

सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुफ़्ती अब्दुल कय्यूम ने कहा कि अब ज़रूरत है कि सब मिलकर अपने हकों के लिए आगे आएं, सभी लोग कौम की बेहतरी के लिए आगे आएं।

मुफ़्ती रिज़वान तारापुरी ने कहा कि सभी लोग मिलकर अपने अधिकारों के लिए आगे आएं।

मौलाना महबूब ने कहा कि नौजवानों को आगे आना होगा कि वो अपने अधिकार के लिए संवैधानिक अधिकारों को लेने के काम करें। लोग ज्यादा से ज्यादा तादाद में अपने बच्चों को पढ़ने के लिए प्रेरित करें।

वडोदरा से तशरीफ़ लाये जुबेर गोपलानी ने कहा कि आप लोगों ने जो मुस्लिम समुदाय के अधिकारों के लिए मुहीम शुरू की है हम सब लोग उनके साथ हैं।

सम्मेलन को रुबीना मुल्तानी, मोईन उद्दीन, आबिद छुआरा, मौलाना अशरफी साहब, उस्मान गनी शेरासिया, जमीला खान, मौलाना अय्यूब साहब, गुलनार पठान, निशांत वर्मा, जयंती मांकड़या ने भी संबोधित किया।

सम्मेलन में 4 प्रस्ताव भी पास किए गए। सम्मेलन में प्रस्ताव रखते हुए मुजाहिद नफ़ीस ने कहा कि माइनॉरिटी कोआर्डिनेशन कमेटी पूरे प्रदेश व देश The Minorities (Prevention Of Atrocities) Act बनाया जाने के लिए पैरवी करेगी। प्रस्ताव निम्न हैं,

1-      ये सम्मेलन प्रस्ताव करता है कि हथियार प्रक्षिक्षण, त्रिशूल दीक्षा आदि कार्यक्रमों को सरकार तत्काल प्रभाव से रोके।

2-      ये सम्मेलन प्रस्ताव करता है कि सरकार मुस्लिम समुदाय में जो असुरक्षा की भावना है को दूर करने के लिए सच्चर कमेटी की सिफारिश के मुताबिक क़दम उठाये।

3-      ये सम्मेलन प्रस्ताव करता है की गुजरात में राज्य लघुमति आयोग का तुरंत गठन करे व आयोग को सिविल कोर्ट के बराबर सत्ता दे।

4-      The Minorities (Prevention Of Atrocities) Act बनाया जाये।

सम्मेलन को संबोधित करते हुए दानिश कुरैशी ने कहा कि अब वक़्त आ गया है कि नौजवान एक होकर अपने अधिकारों के लिए आगे चलें। जल्द ही माइनॉरिटी कोआर्डिनेशन कमेटी के तत्वाधान में गांधीनगर में बड़ा सम्मेलन आयोजित किया जायेगा। आगामी विधानसभा के सत्र में लाखों लोग विधानसभा का घेराव करेंगे। इन मुद्दों को लेकर राष्ट्र स्तर तक की लड़ाई लड़ी जाएगी।

सभी आने वालों का धन्यवाद MCC के शकील शेख नें किया।

सम्मेलन में साबरकांठा, अरवल्ली, आनंद, वड़ोदरा, भरूच, मोरबी, व्यारा, जूनागढ़, सूरत, पाटन, अहमदाबाद, कच्छ, मेहसाणा, पालनपुर, नडियाद आदि जिलों से माइनॉरिटी कोआर्डिनेशन कमेटी के साथी व सभी जमातों, गुजरात मुस्लिम हित रक्षक समिति के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

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