पांच दिन की अवैध हिरासत उत्पीड़न के बाद पुलिस ने इशराक को आज़मगढ़ कोर्ट में पेश किया – रिहाई मंच

​​​​​​​नाम बताओ, कहां-कहां लिंक है, अबू जैद के बारे में पूछा, पांच दिन रखने के बाद झूठे मामले में फंसा दिया...

नाम बताओ, कहां-कहां लिंक है, अबू जैद के बारे में पूछा, पांच दिन रखने के बाद झूठे मामले में फंसा दिया

आजमगढ़/लखनऊ 11 नवंबर 2017. आज 2 बजे के करीब इशराक को पुलिस ने कोर्ट में पेश किया. इस दरम्यान रिहाई मंच के राजीव यादव से इशराक से बात हुई.

इशराक ने बताया कि 7 तारीख को 7 बजे के करीब पुलिस ने उसे उसके घर (ग्राम कुजियारी) से उठाकर फरिहा रेलवे पुलिस चौकी ले गई जहां तीन घंटे रखने के बाद रात दो बजे बरदह थाने ले गई.  जहाँ एसओजी ने उससे अबू जैद के बारे में पूछताछ की. उससे बार-बार जैद के बारे में और उससे लिंक के बारे में पूछा गया. 2 दिन बरदह थाने और 2 दिन गंभीरपुर थाने में उसे रखा गया. इस दौरान पुलिस ने उसको टार्चर किया. उसके साथ मुहम्मद तारिक पुत्र फिरोज, तलहा पुत्र बदरे आलम और अशरफ पुत्र भुक्कड़ अंसारी को भी उठाया था. जिनसे पुलिस ने रुपया लेकर छोड़ दिया. उसने ये भी बताया कि उसके भाई अबू आमिर समेत चाचा के पासपोर्ट और अन्य कागजात भी पुलिस उठा ले गई. यह पूछने पर की पुलिस वालों का क्या नाम था तो उसने बताया की सभी सादे ड्रेस में आते थे.

इशराक ने बताया अब तक जो उसे मालूम हुआ है कि पुलिस ने उस पर लूटपाट और मुठभेड़ के दौरान पुलिस पर गोली चलाने के फर्जी आरोप में गिरफ्तार किया है. निजामाबाद और गंभीरपुर के बीच पुलिस पर कट्टे से फायर दिखा रहे हैं. उसके ऊपर 411, 392, 307 और आर्म्स एक्ट के फर्जी मुकदमें लाद दिए गए हैं.

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