लोहिया 12 अक्टूबर 67 को ये दुनिया छोड़ गए फिर नीतीश ने उन्हें 1969 में कहां सुन लिया ? “थोड़ा कम हाँको यार !”

नीतीश बता रहे हैं कि 1969 में मैं समाजवादी विचार से जुड़ा. लोहिया को अख़बारों में पढ़ता था. उनको पटना में पहली और अंतिम दफ़ा सुना था. लेकिन वे भूल गये कि लोहिया 12 अक्टूबर 67 को ही यह दुनिया छोड़ चुके...

नई दिल्ली, 20 जनवरी। राष्ट्रीय जनता दल Rashtriya Janata Dal के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और वरिष्ठ समाजवादी नेता शिवानंद तिवारी shivanand tiwari ने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार Bihar Chief Minister Nitish Kumar की तथ्यात्मक भूल को पकड़ते हुए उन्हें सलाह दी है “थोड़ा कम हाँको यार !”

श्री तिवारी ने एक खबर की कटिंग शेयर करते हुए ट्वीट किया कि,

“नीतीश बता रहे हैं कि 1969 में मैं समाजवादी विचार से जुड़ा. लोहिया को अख़बारों में पढ़ता था. उनको पटना में पहली और अंतिम दफ़ा सुना था. लेकिन यह बताते समय नीतीश भूल गये कि लोहिया 12 अक्टूबर 67 को ही यह दुनिया छोड़ चुके थे. थोड़ा कम हाँको यार !”

दरअसल बिहार के मधुबनी जिला के घोघरडीहा प्रखंड के गड़वा गांव में एक कार्यक्रम में ये बाते कहते हुए नीतीश ने कहा था कि बापू और लोहिया के दर्शन का उनके जीवन पर गहरा प्रभाव है। उन्हीं के दर्शन के आधार पर बिहार समावेशी विकास की ओर बढ़ रहा है।

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