सलाम इमाम साहब। आपको लाखों सलाम इस मुल्क को आप पर फक्र है। लानत है दंगाईयों।।

मासूम को खोने के बाद इमाम की भावुक अपील, बदले की बात की तो शहर-मस्जिद छोड़ दूंगा... मैं नहीं चाहता कोई और पिता अपना लाड़ला खोए...

अतिथि लेखक

सलाम इमाम साहब। आपको लाखों सलाम इस मुल्क को आप पर फक्र है। लानत है दंगाईयों।।

पंकज चतुर्वेदी

इस इमाम का युवा बेटा दंगे में मारा गया। उसके बाद उन्होंने लोगों से क्या अपील की? शायद कोई भी असली इंसान यह जान कर आंसू नहीं रोक पायेगा। ये मुख्य मीडिया ऐसी खबरें क्यों चबा जाता है।

सलाम इमाम साहब। आपको लाखों सलाम इस मुल्क को आप पर फक्र है। लानत है दंगाईयों।।

मासूम को खोने के बाद इमाम की भावुक अपील, बदले की बात की तो शहर-मस्जिद छोड़ दूंगा

पश्चिम बंगाल में रामनवमी के मौके पर भड़की हिंसा अभी तक थमने का नाम नहीं ले रही है। लगातार चौथे दिन भी यहां हिंसा जारी है और अभी तक कुल चार लोगों को हत्या की जा चुकी है। जानकारी के अनुसार जिस चौथे शख्स की हत्या की गई है उसकी पहचान 16 साल के किशोर के तौर पर हुई है। अपने बेटे की हत्या के बाद हिंसाग्रस्त आसनसोल की एक मस्जिद के इमाम मौलाना इम्दादुल रशीदी ने गुरुवार को लोगों से शांति की अपील की है। उन्होंने कहा कि अगर किसी ने भी बदले की बात की तो मैं शहर छोड़कर चला जाउंगा।

मैं नहीं चाहता कोई और पिता अपना लाड़ला खोए

अपने मासूम बेटे की हत्या के बाद इमाम ने एक समूह के लोगों को संबोधित करते हुए इलाके में शांति की अपील की और कहा कि आप सभी लोग शांति बनाए रखे, अगर किसी ने भी बदले की बात की तो वह मस्जिद और शहर को छोड़कर चले जाएंगे। उन्होंने कहा कि मैं नहीं चाहता हूं कि जिस तरह से मैंने अपना बेटा खोया है उस तरह से कोई और बाप अपना बेटा खोए। आपको बता दें कि इमाम के बेटे का नाम सिबतुल्ला रशीदी था, जिसकी उम्र महज 16 वर्ष थी और वह इस बार दसवीं की बोर्ड की परीक्षा दे रहा था। रशीदी आसनसोल के रेल पार क्षेत्र में लापता हो गया था, जिसके बाद उसकी हत्या कर दी गई।

पीट-पीटकर उतारा मौत के घाट

जानकारी के अनुसार दंगाईयों ने रशीदी को अगवा कर लिया था और बाद में बुधवार देर रात उसका शव मिला। शव की पहचान गुरुवार की जा सकी। लोगों को शक है कि रशीदी को पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया गया है। इमाम ने कहा कि मेरे बड़े बेटे ने सिब्तुल्ला के लापता होने की खबर पुलिस को दी थी, पुलिस ने उससे प्रतीक्षा करने के लिए कहा था। लेकिन बाद में मेरे बेटे का शव बरामद किया गया, जिसकी अगले दिन सुबह शिनाख्त की गई थी।

मुझसे प्यार करते हैं तो एक उंगली भी नहीं उठाएंगे आप

गौरतलब है कि सिबतुल्ला को दफनाने के लिए ईदगाह मे बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हुए थे, इस दौरान इमाम ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की ती और लोगों से कहा था कि मैं इलाके में शांति चाहता हूं, मेरा बेटा तो जा चुका है, लेकिन मैं यह नहीं चाहता हूं कि कोई और परिवार अपना बेटा खोए। मैं नहीं चाहता हूं कि हिंसा और बदले की आग में कोई और घर जले। उन्होंने कहा कि अगर कि किसी ने बदला लेने की बात की तो मैं शहर छोड़ दुंगा। उन्होंने कहा कि अगर आप लोग मुझसे प्यार करते हैं तो आप किसी पर एक उंगली भी नहीं उठाएंगे।

पंकज चतुर्वेदी की एफबी से साभार

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