देश को विध्वंस से बचाने के लिए भाजपा को हराएं - सीएफडी

भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने अगर ये चुनाव जीत लिए तो उनका हौसला इतना बढ़ जाएगा कि वे भारतीय लोकतंत्र को गंभीर चोट पहुंचाने वाला कोई भी कदम उठा सकते हैं।...

देश को विध्वंस से बचाने के लिए भाजपा को हराएं - सीएफडी

 

नई दिल्ली। सिटीजंस फॉर डेमोक्रेसी (सीफडी) ने उत्तर प्रदेश के लोगों से अपील की है कि वह सांप्रदायिक भारतीय जनता पार्टी को चुनाव में हराएं और देश को विध्वंस से बचाएं।

सिटीजंस फॉर डेमोक्रेसी की उत्तर प्रदेश के मतदाताओं से पूरी अपील निम्नवत् है  

आपके राज्य में एक महत्वपूर्ण चुनाव हो रहा है। सांप्रदायिकता और तानाशाही की शक्तियां देश को अस्थिर करने और इसके सेकुलर ताना-बाना को नष्ट करने के लिए सक्रिय हैं। भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के नेतृत्व में सक्रिय इन शक्तियों ने अगर ये चुनाव जीत लिए तो उनका हौसला इतना बढ़ जाएगा कि वे भारतीय लोकतंत्र को गंभीर चोट पहुंचाने वाला कोई भी कदम उठा सकते हैं।

सिटीजंस फॅार डेमोक्रेसी, जिसकी स्थापना लोकनायक जयप्रकाश नारायण ने की थी और जस्टिस वीएम तारकुंडे ने जिसका नेतृत्व किया था, की एक बैठक पिछले सप्ताह  प्रसिद्ध पत्रकार कुलदीप नैय्यर की अध्यक्षता में हुई। इसमें जस्टिस राजिंदर सच्चर, जेएनयू के अर्थशास्त्री प्रो. अरूण कुमार और पत्रकार शास्त्री रामचंद्रन समेत कई महत्वपूर्ण लोगों ने हिस्सा लिया।

बैठक में शामिल लोगों के अनुसार उत्तर प्रदेश में भाजपा की राजनीति केंद्र में चल रही उसकी राजनीति से अलग नहीं है। योजना आयोग को समाप्त करने, देश के महतवपूर्ण संस्थानों मे आरएसएस कार्यकर्ताओे की नियुक्ति करने, मजदूर विरोधी कानून बनाने और तीन तलाक और गोरक्षा जैसे अल्पसंख्यक विरेाधी बहस को बढावा देने जैसे कदम उठा कर केंद्र में भाजपा की सरकार लोकतंात्रिक संस्थाओं को समाप्त करने में लगी है।

 अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा के अपराध में फंसे लोगों को टिकट देकर उसने साफ कर दिया है वह अपने सांप्रदायिक एजेंडे को खुल कर जारी रखना चाहती है।

सीएफडी का मानना है कि सरकार के हाल के कदम देश में तानाशाही के संकेत दे रहे हैं।

बैठक ने प्रस्ताव पारित किया कि  प्रावधानों और नियमों की अनदेखी करके की गई पांच सौ और हजार रूपए की नोटबंदी ने बडे पैमाने पर लोगों के रोजगार छीन लिए हैं और गरीब तथा हाशिए पर खड़े लोगों के लिए भयंकर कठिनाइयां पैदा की है। प्रधानमंत्री को तो खादी कैलेंडर पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की तस्वीर की जगह अपनी तस्वीर लगाने में भी कोई हिचक नहीं होती है। सरकार के लिए अनुकूल सेनाध्यक्ष नियुक्त करने के लिए वरिष्ठता की पुरानी परंपरा त्याग दी गई। प्रधानमंत्री लोकसभा और विधान सभाओं के चुनाव साथ कराने के खतरनाक कदम की चर्चा करते रहते हैं। हांलाकि इसे लोगों का समर्थन नहीं मिला है। हालात ऐेसे हो गए हैं कि सेकुलरिज्म के विचारों का मजाक उड़ाया जा रहा है और कट्टर सांप्रदायिक तत्व हिंदू राष्ट्र बनाने के अपने निश्चय को पूरा करने की और तेजी से कदम बढा रहे हैं।

सत्ताधारी पार्टी में प्रधानमंत्री के लोकतंत्र विरोधी रवैए का विरोध करने की ताकत किसी में नहीं है।

सीफडी उत्तर प्रदेश के लोगों से अपील करती है कि वह सांप्रदायिक भारतीय जनता पार्टी को चुनाव में हराए और देश को विध्वंस से बचाए।

 एनडी पंचोली   अनिल सिन्हा

महासचिव          सचिव

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