विश्व अल्जाइमर दिवस पर जानिए क्या है अल्जाइमर और कैसे बचें इससे

Health news

विश्व अल्जाइमर दिवस विशेष | World Alzheimer’s Day Special दिल्ली 21 सितम्बर 2020. आज 21 सितंबर को विश्व अल्जाइमर दिवस मनाया जा रहा है। उम्र बढ़ने के साथ ही तमाम तरह की बीमारियां हमारे शरीर को निशाना बनाना शुरू कर देती हैं। इन्हीं में से एक प्रमुख बीमारी बुढ़ापे में भूलने की आदतों (बुढ़ापे में

मोदी सरकार की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ कल 22 को माकपा करेगी पूरे प्रदेश में विरोध प्रदर्शन

CPIM

The CPI-M will hold protests across the state tomorrow against the anti-people policies of the Modi government रायपुर, 21 सितंबर 2020. मोदी सरकार की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के देशव्यापी अभियान के तहत प्रदेश माकपा द्वारा कल 22 सितम्बर को पूरे प्रदेश में विरोध प्रदर्शन आयोजित किये जायेंगे और कोरोना संकट

कृषि विधेयक : नोटबन्दी, जीएसटी, तालाबंदी के बाद अब यह चौथा मास्टरस्ट्रोक, जो अर्थव्यवस्था की रही सही कमर तोड़ेगा

More than 50 bighas of wheat crop burnt to ashes of 36 farmers of village Parsa Hussain of Dumariyaganj area

2 farm bills clear Rajya Sabha hurdle amid protests रविवार को राज्यसभा में विपक्ष के हंगामे (Opposition uproar in Rajya Sabha) के बीच कृषि विधेयक ध्वनिमत से पारित हुए। इसके साथ ही मोदी सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में तथाकथित नए सुधार के कार्यक्रमों को अमलीजामा पहनाने के लिए लाए गए कृषक उपज व्यापार एवं वाणिज्य

रोजाना बेकिंग सोडा पीना रूमेटाइड अर्थराइटिस जैसे ऑटोइम्यून (स्वप्रतिरक्षा) बीमारी से लड़ने में मददगार हो सकता है !

Health News in Hindi

Drinking baking soda could be an inexpensive, safe way to combat autoimmune disease Baking soda: A safe, easy treatment for arthritis? Best water for autoimmune disease | Benefits of baking soda | ऑटोइम्यून बीमारी के लिए सबसे अच्छा पानी | बेकिंग सोडा के फायदे नई दिल्ली। वैज्ञानिकों का कहना है बेकिंग सोडा की एक दैनिक खुराक

पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम के निजीकरण के निर्णय के विरोध में  दूसरे दिन हुई प्रदेशव्यापी विरोध सभाएं

Statewide protest meetings held on the second day to protest against the decision of privatization of Purvanchal Vidyut Vitran Nigam

उपभोक्ता विरोधी एवं कर्मचारी विरोधी निजीकरण का फैसला निरस्त करने की मांग Statewide protest meetings held on the second day to protest against the decision of privatization of Purvanchal Vidyut Vitran Nigam Demand to cancel decision of anti-consumer and anti-employee privatization लखनऊ, 19 सितंबर 2020. विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति, उत्तर प्रदेश के आह्वान पर

सरकार द्वारा लोकसभा में पारित तीनों कृषि विधेयक घोर किसान व गरीब विरोधी – डॉ. राकेश सिंह राना

Dr. Rakesh Singh Rana, former MLC of Samajwadi Party and former President of Lucknow University Students Union

All the three agricultural bills passed in the Lok Sabha by the government are anti extremely farmers and anti poor – Dr. Rakesh Singh Rana हाथरस, 19 सितंबर 2020. समाजवादी पार्टी के पूर्व एमएलसी व लखनऊ विश्वविद्यालय छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष डॉ. राकेश सिंह राना (Dr. Rakesh Singh Rana, former MLC of Samajwadi Party

कोविड ने दिया ऊर्जा रूपांतरण के जरिये हरित अर्थव्‍यवस्‍था बनाने का सुनहरा मौका : विशेषज्ञ

Environment and climate change

COVID gave a golden opportunity to build a green economy through energy conversion Green economy means sustainable employment with growth दुनिया भर में पिछले कई महीनों से कोविड-19 महामारी (COVID-19) ने पूरे विश्व को अस्थिर सा कर दिया है इससे दुनिया एक वैश्विक महामंदी के दौर की तरफ बढ़ रही है इसे रोकने के लिए

अपने बुने जाल में फंस गई मोदी सरकार, कृषि विरोधी अध्यादेशों के खिलाफ किसानों का देशव्यापी प्रतिरोध आंदोलन 25 को

Kisan Sabha

Farmers nationwide resistance movement against 25 anti-agricultural ordinances on 25 रायपुर, 18 सितंबर 2020. कृषि संबंधी तीन अध्यादेशों को इस संसद सत्र में कानून का रूप दिया जा रहा है। अखिल भारतीय किसान संघर्ष समिति ने इन अध्यादेशों को कृषि विरोधी बताते हुए 25 सितम्बर को देशव्यापी प्रतिरोध आंदोलन का आह्वान किया है। यह जानकारी

सवाल आपके जवाब संतोष आनन्द के

Santosh Anand Live

सवाल आपके जवाब संतोष आनन्द के “एक प्यार का नग्मा है, मौजों की रवानी है, ज़िंदगी और कुछ भी नहीं, तेरी मेरी कहानी है”, ये सदाबहार रोमांटिक गीत आप भी गुनगुनाते ही होंगे, लेकिन क्या आपको इस गीत के लेखक से रू-ब-रू होने का अवसर मिले तो क्या आप इसे छोड़ना चाहेंगे ? नहीं न

काजल की कोठरी : छतीसगढ़ में कोयला खदानों की लिस्ट बदली, लेकिन स्थिति जस की तस

Coal

Kajal cell: List of coal mines changed in Chhattisgarh, but the situation remains the same नई दिल्ली, 18 सितंबर 2020.  कोयले का खनन (Coal mining) काजल की कोठरी में जाने से कम नहीं। कुछ ऐसी ही स्थिति छतीसगढ़ में हो रही है। दरअसल जैव विविधता और पर्यावरण संरक्षण के नाम पर सरकार ने वहां खनन