Home » समाचार » देश » Corona virus In India » कोरोना को लेकर सरकार का बड़ा आदेश, हर रविवार को यूपी में संपूर्ण लॉकडाउन
Yogi Adityanath

कोरोना को लेकर सरकार का बड़ा आदेश, हर रविवार को यूपी में संपूर्ण लॉकडाउन

यूपी में हर रविवार को होगा संपूर्ण लॉकडाउन : मुख्यमंत्री

There will be complete lockdown on every Sunday in UP: Chief Minister

लखनऊ, 16 अप्रैल 2021. कोरोना वायरस संक्रमण की दूसरी लहर बहुत भयानक होती जा रही है। संक्रमण के बढ़ते प्रसार को देखते हुए यूपी सरकार ने हर रविवार को संपूर्ण लॉकडाउन का फैसला किया है।

टीम-11 के साथ समीक्षा बैठक के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए हर रविवार को कंपलीट लॉकडाउन का फैसला किया है।

उत्तर प्रदेश सरकार का यह फैसला काफी अहम माना जा रहा है। राज्य में अब सभी शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में रविवार को पूर्णतया बंदी रहेगी। इस दौरान अति आवश्यक सेवाओं को छोड़कर सभी बाजार तथा दफ्तर बंद रहेंगे। इस दिन प्रदेश के सर्वाधिक संक्रमित जिलों में व्यापक सेनेटाइजेशन अभियान चलेगा।

राज्य के सभी ग्रामीण और नगरीय क्षेत्रों में रविवार को साप्ताहिक बन्दी होगी। इस अवधि में केवल स्वच्छता, सैनिटाइजेशन और आपातकालीन सेवाओं ही संचालित होंगी। इस संबंध में आवश्यक जागरूकता कार्य भी किए जाएं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार प्रत्येक नागरिक के जीवन और जीविका की सुरक्षा के लिए संकल्पित है। कोविड के कारण लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो इसके लिए सभी जरूरी प्रयास किए जाए। भरण-पोषण भत्ता के पात्र लोगों की सूची अपडेट कर ली जाए। सरकार जल्द ही इन्हें राहत राशि प्रदान करेगी। अंत्योदय सहित विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत राशन वितरण कार्य की व्यवस्था की समीक्षा कर ली जाए। सरकार सभी जरूरतमंदों को राशन और भरण-पोषण भत्ता उपलब्ध कराएगी।

कोविड की रोकथाम से संबधी कार्यों में विगत वर्ष विधायक निधि उपयोगी सिद्ध हुई थी। इस वर्ष भी कोविड केयर फंड की नियमावली के अनुरूप विधायकगणों की अनुशंसा पर उनकी निधि का कोविड प्रबंधन में उपयोग किया जा सकता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंचायत चुनावों का पहला चरण अत्यंत शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न हुआ। जिन क्षेत्रों में माहौल बिगाड़ने की कतिपय कोशिश हुई है, इसमें संलिप्त लोगों के विरुद्ध कठोर विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। यह कार्रवाई अन्य चरण के चुनावों के लिए एक उदाहरण प्रस्तुत करेगी।

प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रदेश में सभी के लिए मास्क लगाना अनिवार्य है। पहली बार मास्क के बिना पकड़े जाने पर 1000 का जुर्माना लगाया जाए। अगर दूसरी बार बिना मास्क के पकड़ा जाए तो दस गुना अधिक जुर्माना लगाया जाना चाहिए।

प्राप्त जानकारी के अनुसार मुख्यमंत्री ने कहा कि कानपुर, प्रयागराज, वाराणसी जैसे अधिक संक्रमण दर वाले सभी 10 जिलों में व्यवस्था और सुदृढ़ करने की आवश्यकता है। स्थानीय जरूरतों के अनुसार नए कोविड हॉस्पिटल बनाए जाएं। बेड्स बढ़ाये जाएं। निजी हॉस्पिटल को कोविड हॉस्पिटल के रूप में परिवर्तित किया जाए। प्रयागराज में अविलंब यूनाइटेड मेडिकल कॉलेज को डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल के रूप में परिवर्तित किया जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 108 की आधी एम्बुलेंस केवल कोविड मरीजों के उपयोगार्थ रखी जाए। इस कार्य में कतई देरी न हो। होम आइसोलेशन के मरीजों की सुविधाओं का पूरा ध्यान रखा जाए। एम्बुलेंस का रिस्पॉन्स टाइम कम से कम हो। ऑक्सीजन और अन्य चिकित्सकीय जरूरतों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड प्रबंधन से जुड़े कार्यों के लिए धन की कोई कमी नहीं है। सभी जनपदों में क्वारन्टीन सेंटर संचालित किए जाएं। क्वॉरन्टीन सेंटरों में आवश्यक चिकित्सकीय सुविधाओं के साथ-साथ भोजन और शयन की समुचित व्यवस्था हो।

मुख्यमंत्री ने कहा कि डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल की संख्या बढ़ाई जाए। एल-2 व एल-3 स्तर के अस्पतालों की संख्या में लागातर बढ़ोतरी की जाए। कहीं भी बेड की कमी कतई न हो। अस्पतालों में प्रशिक्षित मानव संसाधन की व्यवस्था सुनिश्चित करें।

राजधानी लखनऊ के केजीएमयू और बलरामपुर हॉस्पिटल को अगले 24 घंटे की अवधि में डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल के रूप में परिवर्तित कर संचालित किया जाना है। स्वास्थ्य मंत्री एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री इस महत्वपूर्ण कार्य की मॉनीटरिंग करेंगे। इन दो नए डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल के संचालन से लखनऊ में लगभग 4000 बेड का विस्तार होगा। दोनों मंत्रीगण यह सुनिश्चित करेंगे कि इन अस्पतालों में कोविड मरीजों के इलाज से जुड़े सभी आवश्यक चिकित्सा प्रबंध उपलब्ध हो जाएं।

लखनऊ में डिफेंस एक्सपो आयोजन स्थल पर डीआरडीओ के सहयोग से अति शीघ्र सभी सुविधाओं से लैस 1000 बेड का नया कोविड हॉस्पिटल बनाया जाएगा। इसके क्रियाशील होने के साथ ही लखनऊ में कोविड मरीजों के लिए 5000 अतिरिक्त बेड उपलब्ध हो जाएंगे।

राज्य में हर दिन सवा 02 लाख से अधिक कोविड टेस्ट हो रहे हैं। इसे और विस्तार दिए जाने की आवश्यकता है। कोविड से लड़ाई में टेस्टिंग अत्यंत महत्वपूर्ण हथियार है। अन्य प्रदेशों से आने वाले यात्रियों व लोगों के लिए एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन तथा बस स्टेशनों पर रैपिड एन्टीजन टेस्ट की व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।

हमें गूगल न्यूज पर फॉलो करें. ट्विटर पर फॉलो करें. वाट्सएप पर संदेश पाएं. हस्तक्षेप की आर्थिक मदद करें

Enter your email address:

Delivered by FeedBurner

हमारे बारे में उपाध्याय अमलेन्दु

Check Also

farming

रासायनिक, जैविक या प्राकृतिक खेती : क्या करे किसान

Chemical, organic or natural farming: what a farmer should do? मध्य प्रदेश सरकार की असंतुलित …

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.