Home » समाचार » देश » Corona virus In India » प्रवासी मजदूरों के खातों में रुपये जमा करे सरकार : राहुल की मांग, प्रियंका ने भी सरकार को घेरा
Rahul Gandhi

प्रवासी मजदूरों के खातों में रुपये जमा करे सरकार : राहुल की मांग, प्रियंका ने भी सरकार को घेरा

Government to deposit money in the accounts of migrant laborers: Rahul’s demand, Priyanka also questioned the government

नई दिल्ली, 20 अप्रैल. लॉकडाउन के कारण घर वापसी को मजबूर प्रवासी श्रमिकों (Migrant workers forced to return home due to lockdown) के साथ सरकार को जिम्मेदारी से पेश आने की सलाह देते हुए कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा है कि प्रवासी श्रमिकों को आर्थिक दिक्कत नहीं हो इसलिए उनके बैंक खातों में तत्काल छह हजार रुपये जमा कराए जाने चाहिए।

राहुल गांधी का ट्वीट | Rahul Gandhi’s tweet

श्री गांधी ने ट्वीट किया, प्रवासी श्रमिक एक बार फिर पलायन कर रहे हैं। ऐसे में केंद्र सरकार की ज़िम्मेदारी बनती है कि उनके बैंक खातों में रुपए डाले। लेकिन कोरोना फैलाने के लिए जनता को दोष देने वाली सरकार क्या ऐसा जन सहायक क़दम उठाएगी।

Smt Priyanka Gandhi’s Tweet

उधर कांग्रेस महासचिव श्रीमती प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी ट्वीटकर कहा,

“कोविड की भयावहता देखकर ये तो स्पष्ट था कि सरकार को लॉकडाउन जैसे कड़े कदम उठाने पड़ेंगे लेकिन प्रवासी श्रमिकों को एक बार फिर उनके हाल पर छोड़ दिया। क्या यही आपकी योजना है?

नीतियां ऐसी हों जो सबका ख्याल रखें। गरीबों, श्रमिकों, रेहड़ी वालों को नकद मदद वक्त की मांग है। कृपया ये करिए।”

कांग्रेस संचार विभाग के प्रमुख रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कहा कि सरकार विपक्ष के नेताओ की बात नहीं सुनती और उनके सुझाव का मज़ाक उड़ाती है।

उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष फ़रवरी में जब श्री गाँधी ने कोरोना महामारी के बारे में चेताया तो सरकार ने पहले मज़ाक़ उड़ाया और नमस्ते ट्रम्प मना कर मध्य प्रदेश की कांग्रेस सरकार को जबरन गिराया। फिर बग़ैर बताए घातक लॉकडाउन लगाया।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने फिर चेताया कि बगैर इंतजाम लॉकडाउन से गरीब मज़दूरों का क्या होगा..सरकार ने फिर से एक न सुनी और इसका नतीजा यह रहा कि देश को आजादी के बाद की सबसे बड़ी मानवीय त्रासदी का मंजर देखने को मिला। कांग्रेस ने प्रवासी मजदूरों का रेल भाड़ा जमा करवाया और बसों का इंतज़ाम करवाया तो उसका भी पहले मजाक उड़ाया फिर जा कर कहीं-कहीं रेल का इंतजाम करवाया गया।

प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि पिछले एक साल में कोरोना टैक्स के नाम पर जनता को लूटा गया लेकिन न अस्पताल, न डॉक्टर, न वेंटिलेटर, न वैक्सीन और न दवाई उपलब्ध करवाई और न ही 6,000 रुपये की राशि खाते में जमा कराई।

पाठकों से अपील

“हस्तक्षेप” जन सुनवाई का मंच है जहां मेहनतकश अवाम की हर चीख दर्ज करनी है। जहां मानवाधिकार और नागरिक अधिकार के मुद्दे हैं तो प्रकृति, पर्यावरण, मौसम और जलवायु के मुद्दे भी हैं। ये यात्रा जारी रहे इसके लिए मदद करें। 9312873760 नंबर पर पेटीएम करें या नीचे दिए लिंक पर क्लिक करके ऑनलाइन भुगतान करें

 

हमारे बारे में उपाध्याय अमलेन्दु

Check Also

Mohan Markam State president Chhattisgarh Congress

उर्वरकों के दाम में बढ़ोत्तरी आपदा काल में मोदी सरकार की किसानों से लूट

Increase in the price of fertilizers, Modi government looted from farmers in times of disaster …

Leave a Reply