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मोदी चुनाव की हार स्वीकार नहीं कर पा रहे, भाजपा बंगाल में सुनियोजित ढंग से हिंसा कर रही

Modi is unable to accept the defeat of election, BJP is doing violence in Bengal in a planned manner

बंगाल में भाजपा सुनियोजित ढंग से हिंसा कर रही है और हिंसा के फेक न्यूज़ और वीडियो (Fake news and videos of violence) प्रसारित कर रही है, इसका लक्ष्य है बंगाल हथियाना।

नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह के पहले ही सुप्रीम कोर्ट के जरिए बंगाल में जनतंत्र को कुचलने के लिए याचिका दायर की जा चुकी है। सुप्रीमकोर्ट में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग को लेकर याचिका जिस तरह शपथग्रहण समारोह के पहले दायर की गई है, उससे साफ है कि पीएम मोदी अभी तक बंगाल की पराजय हजम नहीं कर पाए हैं। वे चुनाव की हार को स्वीकार नहीं कर रहे और अब नियोजित हिंसा और उसके प्रौपेगैंडा के जरिए जनमत के आदेश को कुचल देना चाहते हैं।

सुप्रीम कोर्ट के जरिए लोकतंत्र की हत्या कर देना चाहते हैं मोदी

मोदी जानते हैं कि वे अब टीएमसी के विधायक तोड़ नहीं सकते, बंगाल में कभी सरकार बना नहीं सकते, इसलिए वे सुप्रीम कोर्ट के जरिए लोकतंत्र की हत्या कर देना चाहते हैं।

सुप्रीम कोर्ट को किसी भी तर्क से राष्ट्रपति शासन की मांग को स्वीकार नहीं करना चाहिए। आज तक बंगाल की सुरक्षा राज्यपाल के पास है, वे बुरी तरह असफल रहे हैं।

कोर्ट सुनिश्चित करे कि नई चुनी सरकार शपथ ले और काम करे। जो भी हिंसा की घटनाएं हुई हैं, वे बहुत ही नगण्य और पूर्व परिकल्पित हैं, इन पर भाजपा कलकत्ता उच्च न्यायालय जाकर जांच की मांग करे। नई सरकार आए और तथ्य उजागर करे कि चुनावोत्तर हिंसा में किसका हाथ है।

बंगाल में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग करने वाली याचिका को सुप्रीमकोर्ट भारी जुर्माना लगाकर खारिज करे जिससे भाजपा लोकतंत्र को कुचलने की इस तरह की गंदी हरकत आगे न कर पाए।

जगदीश्वर चतुर्वेदी

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