उत्तर प्रदेश के लखीमपुर-खीरी में किसानों के विरोध प्रदर्शन में हुई हिंसा के मद्देनजर कांग्रेस ने केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा को बर्खास्त करने की मांग की है।
UP violence: Congress demands Union Minister Ajay Mishra be sacked.
नई दिल्ली, 3 अक्तूबर 2021. आज उत्तर प्रदेश के लखीमपुर-खीरी में किसानों के विरोध प्रदर्शन में हुई हिंसा के मद्देनजर कांग्रेस ने केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा को बर्खास्त करने की मांग की है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार हिंसा में कम से कम छह लोगों की मौत हो गई और अन्य 15 घायल हो गए।
कांग्रेस प्रवक्ता गौरव वल्लभ ने एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा,
"हम मांग करते हैं कि गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा को तुरंत बर्खास्त किया जाए। सरकार को घटना की जांच सर्वोच्च न्यायालय के एक मौजूदा न्यायाधीश से करना चाहिए।"
LIVE: Congress Party Media Byte by Prof. @GouravVallabh at the AICC HQ.#किसान_हत्यारी_भाजपासरकार https://t.co/nH46VgTGly
— Congress (@INCIndia) October 3, 2021
खट्टर को भी बर्खास्त करने की अपील
उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं को कथित तौर पर किसानों पर हमला करने का निर्देश देने के लिए हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर को भी बर्खास्त करने की अपील की और उम्मीद जताई कि शीर्ष अदालत मामले का तुरंत संज्ञान लेगी।
मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है कि यूपी के लखीमपुर-खीरी जिले में कृषि कानूनों के विरोध प्रदर्शन ने तब हिंसक रूप ले लिया, जब अज्ञात व्यक्तियों ने किसानों पर गोलियां चला दीं। कुछ प्रदर्शनकारियों के वाहनों की चपेट में आने से आक्रोशित किसानों ने तीन जीपों में आग लगा दी। इनमें से एक वाहन केंद्रीय मंत्री के अजय मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा का बताया जा रहा है।
किसानों की हत्या पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा कि किसानों का बलिदान बेकार नहीं जाएगा।
उन्होंने हिंदी में एक ट्वीट में कहा,
"जो लोग इस तरह के अमानवीय नरसंहार को देखकर चुप हैं, वे पहले ही मर चुके हैं। लेकिन हम इस बलिदान को बेकार नहीं जाने देंगे, किसान सत्याग्रह जिंदाबाद।"
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के सोमवार को लखीमपुर-खीरी जाने की उम्मीद है। उन्होंने एक ट्वीट में कहा,
"भाजपा भारत के किसानों से कितनी नफरत करती है? क्या उन्हें (किसानों को) जीने का अधिकार नहीं है? अगर वे अपनी आवाज उठाते हैं तो क्या आप उन पर गोलियां चलाएंगे, उन्हें वाहनों के नीचे रौंदेंगे? बहुत हो गया। यह किसानों की भूमि है, भाजपा की क्रूरता का क्षेत्र नहीं है।"
उन्होंने आगे लिखा, "किसानों का आंदोलन और मजबूत होगा, और उनकी आवाज बुलंद होती रहेगी।"