Home » Latest » न सदन के बाहर न सदन के अंदर मोदी सरकार में महिलायें कहीं सुरक्षित नहीं

न सदन के बाहर न सदन के अंदर मोदी सरकार में महिलायें कहीं सुरक्षित नहीं

मोदी सरकार में महिलायें कहीं सुरक्षित नहीं,भाजपा को चुनौती

भाजपा को चुनौती – दस सेकंड का फुटेज नहीं पूरा फुटेज जारी करें

छत्तीसगढ़ की महिला सांसदों पर भाजपा के पुरुष सांसदों और मार्शलों का हमला

घूँसे बरसाये और धक्का देकर गिराया जिससे हाथ और पाँव में मोच आई

जब वर्ष 2000 में नरेन्द्र मोदी पर्यवेक्षक बन कर छत्तीसगढ़ आये थे तब उनके साथ जो कुछ हुआ उसको वे भी नहीं भूले होंगे और छत्तीसगढ़ के लोग भी नहीं भूले हैं। 

रायपुर, 14 अगस्त 2021. प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष शैलेश नितिन त्रिवेदी ने कहा है कि बीमा विधेयक को बिना चर्चा पारित करने के लिये रचे गये षड़यंत्र को जायज ठहराने के और छत्तीसगढ़ भाजपा द्वारा की गयी पत्रकारवार्ता झूठ पर आधारित है। न सदन के बाहर न सदन के अंदर, मोदी सरकार में महिलायें कहीं सुरक्षित नहीं हैं।
श्री त्रिवेदी ने कहा कि संसद में जिस प्रकार से छत्तीसगढ़ की दो महिला सांसदों एक आदिवासी वर्ग की फूलोदेवी नेताम और पिछड़ा वर्ग की छाया वर्मा पर जिस तरीके से भाजपा के पुरूष सांसदों ने और मार्शलों ने हमला किया, वह बेहद और शर्मनाक है।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की महिला सांसदों का यह अपमान छत्तीसगढ़ के लोग बर्दाश्त नहीं करेंगे। इन महिला सांसदों पर घूँसे बरसाये गये, धक्का देकर गिराया गया।

कांग्रेस नेता ने कहा कि छत्तीसगढ़ के भाजपा नेता इस बर्बरता और असंसदीय आचरण को उचित साबित करने के लिये राजधानी रायपुर में प्रेस कांफ्रेंस करते हैं, इससे ज्यादा शर्मनाक और क्या हो सकता है?

शैलेश नितिन त्रिवेदी ने कहा है कि भाजपा के सांसदों ने और संसद के मार्शलों ने छत्तीसगढ़ की नारी शक्ति का और छत्तीसगढ़ की गौरवशाली परंपराओं का अपमान किया है। छत्तीसगढ़ संस्कारी प्रदेश है इस पर कोई असहमति नहीं हो सकती है। लेकिन संसद में जो कुछ भी हुआ उससे तो संस्कार टूटे हैं।

श्री त्रिवेदी ने भाजपा को चुनौती देते हुए कहा कि 10 सेकंड का फुटेज जारी करने के बजाय पूरे घटनाक्रम का फुटेज जारी करने का साहस दिखायें ताकि सच्चाई सबके सामने आ सके। महिला सांसदों पर हमला करने के लिये पुरुष सांसद आये और बाहरी तत्वों को बुलाया जाये, यह कौन सा संस्कार है भाजपा को बताना चाहिये?
उन्होंने कहा कि बीमा विधेयक को पारित कराने के लिये संसदीय आचरण और मर्यादा को तार-तार करने वाले लोग छत्तीसगढ़ को और कांग्रेस को मर्यादा नैतिकता की शिक्षा न दें। भाजपा की नैतिकता और मर्यादा तो हम छत्तीसगढ़ के लोग भली-भांति जानते हैं।
कांग्रेस नेता ने कहा कि नरेन्द्र मोदी जी भी छत्तीसगढ़ भाजपा के नैतिकता और मर्यादा के मानदंडों को बखूबी जानते समझते हैं। जब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर्यवेक्षक बन के वर्ष 2000 में छत्तीसगढ़ में आये थे और उनके साथ जो कुछ हुआ उसको वे भी नहीं भूले होंगे और छत्तीसगढ़ के लोग भी नहीं भूले हैं। इसके पहले भी किसान विरोधी तीन काले कानूनों को पास कराने के लिये ऐसी ही अलोकतांत्रिक कार्यविधि अपनाई गयी थी।

पाठकों से अपील

“हस्तक्षेप” जन सुनवाई का मंच है जहां मेहनतकश अवाम की हर चीख दर्ज करनी है। जहां मानवाधिकार और नागरिक अधिकार के मुद्दे हैं तो प्रकृति, पर्यावरण, मौसम और जलवायु के मुद्दे भी हैं। ये यात्रा जारी रहे इसके लिए मदद करें। 9312873760 नंबर पर पेटीएम करें या नीचे दिए लिंक पर क्लिक करके ऑनलाइन भुगतान करें

 

हमारे बारे में उपाध्याय अमलेन्दु

Check Also

covid 19

दक्षिण अफ़्रीका से रिपोर्ट हुए ‘ओमिक्रोन’ कोरोना वायरस के ज़िम्मेदार हैं अमीर देश

Rich countries are responsible for ‘Omicron’ corona virus reported from South Africa जब तक दुनिया …

Leave a Reply