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जींस पहनने के कारण मारी गई लड़की के घर पहुंची ऐपवा की टीम

जींस पहनने के कारण मारी गई लड़की,उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के तरकुलवा थाने के अंतर्गत आने वाले शबरी जी खर्ग गाँव की नेहा पासवान

 Aipwa’s team reached the house of the girl who was killed for wearing jeans

लखनऊ, 30 जुलाई 2021. उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के तरकुलवा थाने के अंतर्गत आने वाले शबरी जी खर्ग गाँव की नेहा पासवान का जींस पहनना परिवार के लोगों को खासतौर पर दादा व चाचा को इतना नागवार गुजरा कि उन्होंने पीट-पीट कर उसकी हत्या कर दी।

ऐपवा की राज्य सहसचिव व देवरिया की जिला अध्यक्ष गीता पांडे के नेतृत्व में 7 सदस्यों की टीम ने गाँव का दौरा किया। लड़की के माँ-बाप से मुलाकात कर घटना की पूरी जानकारी ली। हत्यारों को कठोरतम सजा व मृतका के माता-पिता की सुरक्षा के लिए प्रशासन से मांग की गई है। मृतका के माता-पिता के साथ ऐपवा के साथियों ने मौके पर ही प्रोटेस्ट भी किया। जब तक पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिल जाता है ऐपवा अपना आंदोलन जारी रखेगी। इस आंदोलन में मृतका के माता पिता भी शामिल होने के लिए तैयार हैं।

ऐपवा की विक्षप्ति में बताया गया है कि –

मृतका की मां ने कहा हम लड़ेंगे ताकि जो मेरी बेटी के साथ हुआ वह किसी और की बेटी के साथ ना हो। माँ ने कहा जब तक मेरी बेटी के हत्यारों की सजा नहीं मिल जाती हमारी लड़ाई जारी रहेगी।

माँ ने कहा कि मेरी बेटी का ख्वाब था दरोगा बनने का जिसको परिवार के ही लोगों ने छीन लिया है। लेकिन मैं चुप नहीं बैठूंगी। गांव के दौरे में ऐपवा राज्य सहसचिव गीता पांडे जिला सचिव सुमन, सीमा सविता, उर्मिला,कुसुमावती प्रमिला समेत 7 सदस्य टीम में मुख्य रूप से मौजूद रहे। ऐपवा के साथियों ने मृतका के माता-पिता को हर संभव सहयोग देने का वादा किया है।

ऐपवा की विज्ञप्ति में आगे कहा गया है कि –

पितृसत्तात्मक, मर्दवादी विचारों से लैस समाज आखिर यह सब तय करने पर आमादा क्यों है कि लड़कियां और महिलाएं क्या करेगी और क्या नहीं करेंगी ? इसका अधिकार उनको किसने दिया है। इनको ये बात कब समझ आएगी कि महिलाओं को अपने जीवन का फैसला खुद करने का अधिकार है।

उत्तर प्रदेश में जब से अजय सिंह बिष्ट सत्तासीन हुए हैं प्रदेश में ब्राह्मणवादी व सत्ता पोषित लोगों द्वारा महिलाओं, लड़कियों व दलितों के अधिकारों पर लगातार हमला किया जा रहा है। बलात्कार की घटनाओं की तो जैसे बाढ़ ही आ गयी है, 6 साल की बच्ची से लेकर 60 साल की महिला तक सुरक्षित नहीं है।

प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो गयी है। योगी आदित्यनाथ जी के गृह जिले गोरखपुर में दिनदहाड़े चौराहे पर एक दलित नौजवान की ऊंची जाति की लड़की से विवाह करने पर हत्या कर दी गयी।

यूपी में कथित रामराज्य के बावजूद 16 जिलों में 72 घंटे के भीतर 15 मर्डर, 3 रेप और एक डकैती की वारदात हुई। सीतापुर में डकैती के दौरान महिला की हत्या कर दी गई। महोबा में 60 साल की बुजुर्ग महिला से गैंगरेप हुआ। महिला के प्राइवेट पार्ट में दरिंदों ने मिर्च का पाउडर डाल दिया। बागपत में 6 साल की बच्ची को हैवानों ने रेप के बाद मार डाला। अमेठी में युवक की कनपटी से सटाकर गोली मारकर हत्या कर दी गई। मुजफ्फरनगर में गन प्वाइंट पर नाबालिग से रेप की घटना सामने आई। लग रहा है कि भयमुक्त अपराधियों ने प्रदेश में कानून का ही इनकाउंटर कर दिया है।

ऐपवा की विज्ञप्ति में आगे कहा गया है कि –

RSS BJP के नेताओं से पूछा जाना चाहिए कि बेटियों को बराबरी से जीने का अधिकार क्यों नहीं होना चाहिए ? योगी आदित्यनाथ जी इन गुंडों अपराधियों हत्यारों पर आपकी सरकार क्या सख्त कार्रवाई करेगी ? इनकी भी संपत्ति जब्त होगी या फिर यह केवल आंदोलनकारियों के लिए ही है ताकि जनता सरकार की गलत नीतियों का विरोध न कर सके !

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