Home » Tag Archives: ग़ज़ल

Tag Archives: ग़ज़ल

समकालीन यथार्थ का मंज़र उपस्थित करती ग़ज़लें 

Literature news

पुस्‍तक समीक्षा समकालीन यथार्थ का मंज़र उपस्थित करती  ग़ज़लें          — दीपनारायण ठाकुर आधुनिक हिन्दी की ग़ज़ल-विधा, विशेषकर उसके भाषा-पक्ष एवं बिम्ब-प्रतीक के संबंध में ज्ञान-क्षितिज का किंचित विस्तार हुआ है। इस पुस्तक के द्वारा इस आवश्यकता की पूर्ति की दिशा में एक लघु प्रयास किया गया है और आधुनिक हिन्दी-ग़ज़ल की संवेदना के स्वरूप का विश्लेषण और …

Read More »

ग़ज़ल के सरोकार वही हैं जो साहित्य की अन्य विधाओं के

News Analysis and Expert opinion on issues related to India and abroad

हिंदी ग़ज़ल और समकालीन सरोकारों पर आयोजन : Events on Hindi ghazals and contemporary concerns ‘आवाज़ का चेहरा’ का विमोचन’ मध्यप्रदेश प्रगतिशील लेखक संघ, इकाई बीना, जिला सागर के तत्वावधान में 18 अगस्त 2013 को ‘हिंदी ग़ज़ल और समकालीन सरोकार’ विषय पर एक दिवसीय आयोजन हुआ। प्रथम सत्र परिसंवाद का सत्र था जिसमें मुख्य वक्ता थे दिल्ली से आये उर्दू के …

Read More »