सर्दी के मौसम में बढ़ जाती हैं हड्डियों की बीमारियां

ठंड के मौसम में न सिर्फ युवाओं के बीच जीवनशैली संबंधी बीमारियों (Lifestyle diseases) में वृद्धि होती है बल्कि बुजुर्ग आबादी भी हड्डियों समेत कई समस्याओं से परेशान होती है।

जागरूकता बढ़ाने के लिए निशुल्क हड्डी रोग जांच शिविर का आयोजन

Organizing free orthopaedic screening camp to increase awareness

बुलंदशहर,  31 दिसंबर 2020: ठंड के मौसम में न सिर्फ युवाओं के बीच जीवनशैली संबंधी बीमारियों (Lifestyle diseases) में वृद्धि होती है बल्कि बुजुर्ग आबादी भी हड्डियों समेत कई समस्याओं से परेशान होती है।

Ignoring bone problems is a concern

एक विज्ञप्ति में नोएडा स्थित फोर्टिस अस्पताल में हड्डी और जोड़ सर्जरी/ऑर्थोपेडिक्स निदेशक व हेड, डॉक्टर अतुल मिश्रा (Doctor Atul Mishra, Director & Head, Bone & Joint Surgery / Orthopedics at Fortis Hospital, Noida) ने बताया कि, “यदि लोगों को बीमारी के लक्षणों और शुरुआती निदान की महत्ता के बारे में पता होगा, तो वे आधी लड़ाई वहीं जीत लेंगे। भारतीयों में जोड़ों का दर्द और घुटनों की समस्या बेहद आम है और हड्डियों की समस्याओं को नज़रअंदाज़ करना एक चिंता का विषय है। ये समस्याएं अन्य स्वास्थ्य समस्याओं से जुड़ी होती हैं, जैसे कि वजन, कैल्शियम की कमी, बोन डेंसिटी आदि। जबकी जीवनशैली में बदलाव और शुरुआती निदान के साथ इनके मामलों में कमी लाई जा सकती है। इन समस्याओं का कारण और लंबे समय का हल ढूँढना बेहद जरूरी है।”

शुरुआती निदान के लिए नियमित रूप से स्क्रीनिंग और मॉनिटरिंग कराना जरूरी है। लेकिन बीमारियों के मामलों में कमी लाने के लिए लोगों को जागरुक करना सबसे पहली जरूरत है।

In the winter season, bone diseases increase.

डॉक्टर अतुल मिश्रा ने अधिक जानकारी देते हुए बताया कि,

सर्दी के मौसम में, हड्डियों की बीमारियां बढ़ जाती हैं। लोगों को चलने में परेशानी होती है, जोड़ जकड़ जाते हैं, पीठ का निचला हिस्सा और जोड़ों में दर्द होता है। ये समस्याएं विशेषकर बुजुर्गों को परेशान करती हैं। उनके शरीर को गर्म रखना जरूरी है। डॉक्टर की सलाह से विटामिन डी, सी और कैल्शियम के सप्लीमेंट्स का सेवन किया जा सकता है। बुजुर्गों को सर्दियों की इन बीमारियों से आसानी से छुटकारा पाने के तरीकों के बारे में शिक्षित करना आवश्यक है। इस शिविर के आयोजन का उद्देश्य लोगों को स्वस्थ जीवनशैली के बारे में जागरुक करने के साथ उन्हें निशुल्क मेडिकल सुविधाएं प्रदान करना था।”

उन्होंने बताया कि बेहतर स्वास्थ्य के लिए लोगों का मार्गदर्शन करने के लिए फोर्टिस अस्पताल, नोएडा के सहयोग से रोटरी क्लब बुलंदशहर ने एक निशुल्क हड्डी रोग जांच शिविर का आयोजन किया। इस शिविर के ज़रिए, हमने आर्थराइटिस और हड्डियों के रोगियों में नज़रअंदाज़ की जाने वाली समस्या के बारे में जागरुकता बढ़ाई। आर्थराइटिस मरीजों को रोबॉटिक असिस्टेंस के साथ नी रिप्लेसमेंट सर्जरी के बारे में जागरुक होने की जरूरत है।

उन्होंने बताया कि यह निशुल्क शिविर स्मार्ट स्कॉलर्स स्कूल, हिमालया पेट्रोल पंप के सामने, भूर, बुलंदशहर में आयोजित किया गया था, जहां स्थानीय लोगों के ब्लड ग्लूकोस स्तर (Blood glucose level) और बोन मिनरल डेंसिटी (हड्डियों की ताकत की जांच- Bone Mineral Density – Bone Strength Test) की मुफ्त में जांच की गई। इसी के साथ उन्होंने निशुल्क परामर्श का लाभ भी उठाया।

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उपाध्याय अमलेन्दु:
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