दूषित मानसिकता वाले लोगों की एक सड़ी-गली सोच है विभाजन की थ्योरी : लक्ष्य

Partition theory is a rotten thinking of people with a corrupt mindset.

कानपुर देहात, 10 दिसम्बर 2019. लक्ष्य की कानपुर देहात टीम ने लक्ष्य कमांडर संघमित्रा गौतम के नेतृत्व में “लक्ष्य गांव- गांव की ओर” अभियान के तहत एक भीम सम्मेलन का आयोजन कानपुर देहात के पुखरायां के गांव अल्लापुर में किया जिसमें कई गाँवो के लोगों ने विशेष तौर से महिलाओं ने हिस्सा लिया।

लक्ष्य कमांडरों ने अपने सम्बोधन में कहा कि विभाजन की थ्योरी दूषित मानसिकता वाले लोगों की एक सड़ी-गली सोच है। यह विभाजन की थ्योरी मानव-मानव में भेद करती है और किसी को जातीय आधार पर, किसी धर्म को आधार, किसी को क्षेत्र के आधार पर, किसी को रंगभेद के आधार पर तो किसी को अमीरी व् गरीबी के आधार पर विभाजित करती है। यह कुछ चलाक स्वार्थी लोगों की बहुत बड़ी चाल है। जिस प्रकार से बहुजन समाज को, जो कि कुल जनसंख्या का लगभग 85 प्रतिशत हिस्सा है, जातीय आधार पर विभाजित किया गया है, अर्थात् छोटे-छोटे टुकड़ों में तोड़ा गया है ताकि उनका शोषण आसानी से किया जा सके और उनका कोई विरोध भी न करने की हिम्मत कर सके। परिणाम हम सबके सामने है कि एक विशाल बहुजन समाज को जातीय आधार पर विभाजित करके हजारों वर्षों से लाचार व बेबस बनाकर रखा हुआ है।

Baba Saheb Dr. Bhimrao Ambedkar waged a long struggle against this caste discrimination

वक्ताओं ने कहा कि हमारे महापुरुषों ने, विशेष तौर से बाबा साहब डॉ भीमराव अम्बेडकर ने इस जातीय भेदभाव के खिलाफ लम्बा संघर्ष किया और संविधान के माध्यम से किसी भी प्रकार के भेदभाव को गैरकानूनी कर दिया और सभी लोगों को समानता का अधिकार दिया।

लक्ष्य कमांडरों ने जोर देते हुए कहा कि देश में बाबा साहब का संविधान पूर्णरूप से लागू नहीं किया गया है जिसके कारण बहुजन समाज की स्थिति में बहुत ज्यादा बदलाव नहीं हुआ है। इसके लिए हमारे नेता भी जिम्मेदार हैं जो अपने स्वार्थ के कारण अपना मुँह तक नहीं खोलते हैं।

उन्होंने बहुजन समाज के लोगों से आव्हान करते हुए कहा कि इन स्वार्थी नेताओं का बहिष्कार करें और अपने अधिकारों के लिए स्वयं ही तैयार हों।

इस सम्मेलन में लक्ष्य कमांडर संघमित्रा गौतम, सुधा गौतम, रंजना गौतम, रामा गौतम, आशा रतन, सुनीता राज गौतम, मिथलेश गौतम, मुन्नी बौद्ध, राजकुमारी कौशल, देवीकी बौद्ध, मीना सुमन, लाजो कौशल, ए.के. आनंद, राम लखन, विनय प्रेम, देव आनंद भारती, संजय कुमार, मिलिन्द कुमार, सूर्या प्रताप सिंह, अंकुर गौतम, राहुल गौतम व् अशोक कुमार ने हिस्सा लिया। यह जानकारी एक विज्ञप्ति में दी गई।

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उपाध्याय अमलेन्दु:
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