Home » समाचार » देश » सांड चर रहे हैं खेत, मोदी बेच रहे हैं देश, आरएसएस जरा भी नैतिक नहीं है : रणधीर सिंह एडवोकेट
Randhir Singh Suman CPI

सांड चर रहे हैं खेत, मोदी बेच रहे हैं देश, आरएसएस जरा भी नैतिक नहीं है : रणधीर सिंह एडवोकेट

सांड चर रहे हैं खेत, मोदी बेच रहे हैं देश, आरएसएस जरा भी नैतिक नहीं है : रणधीर सिंह एडवोकेट

बाराबंकी, 28 नवंबर 2019. भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राष्ट्रीय परिषद सदस्य रणधीर सिंह सुमन ने कहा है कि महाराष्ट्र में सत्तारूढ़ दल द्वारा राष्ट्रपति शासन हटाने व अल्पमत की सरकार का गठन कराने व विधायकों को खरीदने का षड़यंत्र करने में मुख्य रूप से दोषी अमित शाह को अविलम्ब गृहमंत्री पद से इस्तीफा देना चाहिए, नैतिकता की बात करने वाले संघ के लोग कर्नाटक व महाराष्ट्र में जिस तरह से कार्य किया है वह उनके असली चेहरे को उजागर करता है।

श्री सुमन भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी द्वारा गांधी भवन में आयोजित एक दिवसीय धरने को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि ‘‘सांड चर रहे हैं खेत, मोदी बेच रहे हैं देश’’ का नारा देश में चरितार्थ हो रहा है।

धरना सभा को सम्बोधित करते हुए जिला सचिव बृजमोहन वर्मा ने कहा कि सांड़ों की वजह से प्रदेश में किसान मर रहे हैं, एक सांड के अजगना में किसान बाबू लाल को मार देने से मृत्यु हो गई। किन्तु सरकार इस तरह की घटनाओं में भी मृतकों की कोई मदद नहीं कर रही है।

धरना सभा को सह सचिव डॉ. कौशल हुसैन ने कहा कि सरकार पूर्व में जारी सुविधाओं को भी जनता से छीन रही है। जैसे बाराबंकी से चारबाग तथा चारबाग से माती होते हुए फतेहपुर जाने वाली बसों को बंद कर दिया है। जनता परेशान है सरकार चुप है।

किसान सभा के उपाध्यक्ष प्रवीण कुमार ने कहा कि योगी सरकार में बिजली के गलत बिल भेजकर ग्रामीण जनता का उत्पीड़न किया जा रहा है।

किसान सभा के अध्यक्ष विनय कुमार सिंह ने कहा कि नहरों की सफाई नहीं हुई है, टेल तक पानी नहीं जा रहा है। भाजपा सरकार में किसानों की दुर्दशा बहुत ही दयनीय है।

धरना सभा को पार्टी के सह सचिव शिव दर्शन वर्मा ने सम्बोधित करते हुए कहा कि सरकार किसानों को लाभकारी मूल्य न देकर छोटे किसानों का धान भी नहीं खरीद रही, गन्ना किसानों का भुगतान नहीं हो रहा है।

धरना सभा को मो. कदीर, दीपक, विष्णु त्रिपाठी, मुनेश्वर बख्श आदि नेताओं ने सम्बोधित किया। धरने में दल सिंगार, गिरीश चन्द्र, अमर सिंह प्रधान, वीरेन्द्र कुमार, रामनरेश वर्मा, काशीराम आदि प्रमुख कम्युनिस्ट नेता व कार्यकर्ता मौजूद रहे।

पाठकों से अपील

“हस्तक्षेप” जन सुनवाई का मंच है जहां मेहनतकश अवाम की हर चीख दर्ज करनी है। जहां मानवाधिकार और नागरिक अधिकार के मुद्दे हैं तो प्रकृति, पर्यावरण, मौसम और जलवायु के मुद्दे भी हैं। ये यात्रा जारी रहे इसके लिए मदद करें। 9312873760 नंबर पर पेटीएम करें या नीचे दिए लिंक पर क्लिक करके ऑनलाइन भुगतान करें

 

हमारे बारे में उपाध्याय अमलेन्दु

Check Also

paulo freire

पाओलो फ्रेयरे ने उत्पीड़ियों की मुक्ति के लिए शिक्षा में बदलाव वकालत की थी

Paulo Freire advocated a change in education for the emancipation of the oppressed. “Paulo Freire: …

Leave a Reply