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मोदी सरकार के देश बेचो अभियान के खिलाफ रायगढ़ में भी हुआ भारत बचाओ सत्याग्रह आंदोलन

Save India Satyagraha movement in Raigad against Modi government’s Sell country campaign

रायगढ़ 09 अगस्त 2020. केंद्रीय ट्रेड यूनियनों राज्य कर्मचारी फेडरेशन एवं किसान संगठनों के संयुक्त आव्हान पर 09 अगस्त 2020 को राष्ट्रव्यापी भारत बचाओ सत्याग्रह आंदोलन पूरे देश भर में सफलता पूर्वक मनाया गया। जबरदस्त विरोध प्रदर्शन किया गया। पूरे देश में केंद्र सरकार की जनविरोधी,किसान विरोधी,कर्मचारी विरोधी तथा कार्पोरेट्स परस्त नीतियों के खिलाफ जनाक्रोश अभिव्यक्त हुआ।

देश के कोने-कोने में इन्कलाब जिंदाबाद, कार्पोरेट्स घरानों के हाथों देश को बेचना बंद करो। किसानों को उनके उत्पाद का उचित मूल्य दो, देश के नवरत्न राष्ट्रीयकृत सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों को कौड़ी के दाम बेचना बंद करो। निजीकरण की नीति बंद करो। शिक्षा व स्वास्थ्य चिकित्सा के ढांचे को मजबूत करो, देश को गुलाम बनाने वाली नीतियां वापस लो, कोरोना की आड़ में देश को बेचना बंद करो। देश को धोखा देना बंद करो। भुखमरी, गरीबी एक त्रासदी है,पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने का अवसर नहीं, रेल देश की धड़कन है इसकी हिफाज़त करो, नई पेंशन योजना वापस लो पुरानी पेंशन योजना लागू करो, खाली हाथों को काम भूखों को रोटी दो, आत्मनिर्भरता के नाम पर राष्ट्रीयकृत संस्थाओं का निजीकरण बंद करो।झूठी घोषणाएं बंद करो, देश की संप्रभुता व अर्थव्यवस्था की रक्षा करो, देश की राष्ट्रीय एकता अखंडता व सांप्रदायिक सद्भाव की रक्षा करो। कार्पोरेट्स परस्त नीतियों वापस लो और देश बचाओ के नारे व पोस्टर प्रदर्शन के साथ बहुत कड़ा विरोध प्रदर्शन किया गया।

यह जानकारी देते हुए ट्रेड यूनियन कौंसिल रायगढ़ के गणेश कछवाहा ने बताया कि चूंकि रायगढ़ जिला प्रशासन द्वारा 09 अगस्त रविवार को कोविड-19 महामारी के बढ़ते खतरे को देखते हुए पूर्ण लॉक डाउन का आदेश जारी किया गया है। अतः कोरोना तथा प्रशासनिक दिशा निर्देश व नियमों का अनुपालन करते हुए राष्ट्रव्यापी भारत बचाओ सत्याग्रह आंदोलन को सफल बनाने के लिए प्रत्येक ट्रेड यूनियन सहयोगी संगठन के सदस्य मजदूर किसान एवं प्रबुद्धजन अपने अपने कार्य स्थलों या घरों के सामने अपनी मांगों व मुद्दों से संबंधित पोस्टर हाथों में लेकर फोटो सोशल मीडिया और संगठन के ग्रुप में पोस्ट कर कार्पोरेट्स की गुलामी से देश को बचाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।

उल्लेखनीय है कि केंद्र सरकार द्वारा लगातार देश की नवरत्न राष्ट्रीयकृत सार्वजनिक उपक्रमों को कौड़ी के दाम कार्पोरेट्स घरानों को बेचा जा रहा है। देश की राष्ट्रीय सम्पदा व संस्थानों को निजीकरण की नीति के तहत कॉरपोरेट्स घरानों के हाथों गिरवी रखने की कोशिश की जा रही है। आत्मनिर्भरता के नाम पर देश की आर्थिक संप्रभुता व आत्म निर्भर भारत की बुनियाद को ही खत्म किया जा रहा है। श्रमिक, मजदूर, किसान गरीब आम जनता के अधिकारों की अनदेखी की जा रही है। ब्रिटिश हुकूमत के दमन, अत्याचार, शोषण व गुलामी से मुक्ति के लिए 09 अगस्त 1942 को अंग्रेजों भारत छोड़ो आंदोलन चलाया गया था। इसी ऐतिहासिक तिथि के अवसर पर सेंट्रल ट्रेड यूनियनों, केंद्रीय राज्य कर्मचारी फेडरेशन एवं किसान संगठनों ने संयुक्त रूप से कॉरपोरेट्स घरानों की गुलामी एवं केंद्र सरकार की जनविरोधी व देश को आर्थिक गुलाम बनाने वाली नीतियों के खिलाफ 09 अगस्त 2020 को भारत बचाओ अभियान सत्याग्रह आंदोलन को सफल बनाने का आव्हान किया था।

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