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Tag Archives: देशबन्धु में संपादकीय आज

चुनाव आयोग की कड़ाई का सच

Today's Deshbandhu editorial

The truth of the strictness of the Election Commission (देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today) चुनाव आयोग (Election commission) ने विधानसभा चुनावों की मतगणना (Counting of assembly elections) के दिन, यानी दो मई को और उसके बाद भी राजनीतिक दलों के विजय जुलूस निकालने पर पाबंदी (Ban on political parties taking out the victory procession) लगा दी है। देश …

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महामारी में गंगास्नान : मोदीजी के आत्मनिर्भर भारत में अपनी फिक्र खुद करें, क्योंकि सरकार आपदा में अवसर ढूंढने में व्यस्त है

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(देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today) पूरी दुनिया पिछले एक साल से भी अधिक वक्त से कोरोना के खौफ में जी रही है। भारत दुनिया के सर्वाधिक कोरोना प्रभावित देशों में से एक है और इसकी दूसरी लहर तो देश पर बहुत भारी पड़ती दिख रही है। अब देश में रोजाना एक-डेढ़ लाख मामले सामने आ रहे हैं। अस्पतालों …

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अंतत: जनता को ही भुगतना पड़ता है मूर्ख शासकों की कथनी और करनी दोनों का फल

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Ultimately, the people have to suffer the consequences of both the words and actions of foolish rulers. देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today मूर्ख शासकों की कथनी और करनी दोनों का फल अंतत: जनता को ही भुगतना पड़ता है, यह समयसिद्ध सत्य है। हम किसी मुद्दे पर सरकार के समर्थन में रहें या विरोध में रहें। किसी फैसले पर …

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छत्तीसगढ़ में नक्सली हमला : फिर लहूलुहान छत्तीसगढ़

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देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today छत्तीसगढ़ एक बार फिर बड़ी नक्सली हिंसा का शिकार हुआ है। शुक्रवार को सुकमा और बीजापुर के अलग-अलग इलाक़ों से सीआरपीएफ़, डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड, स्पेशल टॉस्क फ़ोर्स और कोबरा बटालियन के 2059 जवान नक्सल ऑपरेशन के लिए निकले थे। शनिवार को जवानों की वापसी के दौरान तर्रेम थाना के सिगलेर से …

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हरि अनंत, हरि कथा अनंता। साहेब की कथाओं का भी कोई अंत नहीं, बुरा न मानो…

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देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today आंदोलनजीवी नहीं, साहेब आंदोलनफली हैं कैसा अद्भुत संयोग है। फाल्गुन मास की पूर्णिमा (Full moon of phalgun month) के शुभ अवसर पर ‘मन की बात’ (Mann Ki Baat) का अमृत महोत्सव हुआ है। साहेब कहते हैं ऐसा लगता है मानो कल की बात हो। अब उन्हें क्या पता कि ये कल …

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पुलवामा से लेकर एंटीलिया तक विस्फोटक आखिर आ कहां से जाते हैं ?

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भाजपा को शिवसेना की नसीहत देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today किसी अफसर के कारण सरकार बनती नहीं और गिरती भी नहीं है, यह विपक्ष को भूलना नहीं चाहिए। कुछ इन शब्दों में शिवसेना के मुखपत्र सामना में भाजपा को सख्त नसीहत दी गई है। साथ ही यह भी समझाया गया कि महाराष्ट्र की महाविकास अघाड़ी सरकार (Mahavikas Aghadi …

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आधी आबादी की पूरी आजादी के लिए जरूरी है फटी जींस के फटे संस्कारों को उखाड़ना

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For the complete independence of half the population, it is necessary to uproot the torn rites of torn jeans देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today उत्तराखंड के नवनियुक्त मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत की उम्र (Age of newly appointed Chief Minister of Uttarakhand Tirath Singh Rawat) 57 बरस है और साढ़े पांच दशक से अधिक की इस जीवन …

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सत्यपाल मलिक का उलझाने वाला बयान : गवर्नर आपकी पॉलिटिक्स क्या है ?

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देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today मेघालय के राज्यपाल सत्यपाल मलिक (Meghalaya Governor Satyapal Malik) ने किसान आंदोलन पर केंद्र सरकार की राय के विरुद्ध बड़ा बयान देकर सियासत में नयी हलचल पैदा कर दी है। अपने गृह जनपद बागपत में रविवार को एक समारोह में किसानों के पक्ष में खुलकर बोलते हुए मलिक ने कहा कि …

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चोट ममता बनर्जी को भाजपा को दर्द क्यों?

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जानिए ममता बनर्जी को चोट के राजनीतिक अर्थ क्या हैं जंग का कोई बड़ा मैदान तैयार हो गया है देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today मौजूदा दौर की राजनीति में चुनाव (Elections in present-day politics) को अक्सर जंग का नाम दे दिया जाता है। चुनाव जीतने के लिए तैयारियां नहीं की जातीं, रणनीतियां बनाई जाती हैं। सत्ता …

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‘महाराज’ के पदचिन्हों पर ‘गुलाम’ !

scindia and ghulam nabi azad

देशबन्धु में संपादकीय आज | Editorial in Deshbandhu today विधानसभा चुनावों के पहले कांग्रेस की अंतर्कलह (Congress conscience) एक बार फिर सामने आ गई है। या कहना चाहिए कि कांग्रेस में रह कर कांग्रेस को खत्म करने की कोशिशों में लगे लोग एक बार फिर पार्टी को कमजोर करने में जुट गए हैं। जिस तरह बिहार विधानसभा चुनाव (Bihar Assembly …

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Greta Thunberg Toolkit Case : सवाल दिशा और उजाले का है

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दिशा रवि पर मुकदमा | Greta Thunberg Toolkit Case | देशबन्धु में संपादकीय आज  जो इंसान प्रकृति को बचाने की लड़ाई लड़ता है, जो पर्यावरण से प्यार करता है, क्या वह मानवता से नफरत कर सकता है? यह सवाल पर्यावरण कार्यकर्ता दिशा रवि की गिरफ्तारी (Arrest of 22-year-old Environmental activist Disha Ravi) के बाद जेहन में उठता है। Farmers toolkit …

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रोम, मिस्र, यूनान सब मिट चुके, बचाना है भारत की हस्ती को तो बचाना होगा यहां की जनता और जनतंत्र को

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देशबन्धु में संपादकीय आज : पटरी से उतरता गणतंत्र अपनी किताब मॉर्टल रिपब्लिक में एडवर्ड जे वाट्स ने रोमन गणराज्य के पतन के कारणों (Reasons for the fall of the Roman Republic) पर नए नजरिए से मंथन किया है। सरकारी संस्थाओं, संसदीय नियमों और राजनैतिक रिवाजों ने सदियों तक रोम को राजनैतिक और सैन्य रूप से सशक्त बनाया, लेकिन जब …

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विवेकानंद की देशभक्ति और गोडसे ज्ञानशाला

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गोडसे ज्ञानशाला : गांधी के हत्यारे के विचारों का प्रचार-प्रसार भाजपा राज की पुलिस को ग़लत नहीं लगता। देशबन्धु में संपादकीय आज : Hindu Mahasabha opened Godse Gyanashala in Gwalior महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे (Nathuram Godse, the killer of Mahatma Gandhi) को महिमामंडित करने की कोशिशें बीते कुछ बरसों में तेज हो गई हैं। कट्टर हिंदुत्व की सीढ़ियों …

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उपवास पर अन्नदाता और छप्पन भोग पर सरकार

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देशबन्धु में संपादकीय आज | Today’s Deshbandhu editorial भारत विकास की कैसी राह पर चल पड़ा है, इसकी व्याख्या इस एक वाक्य से की जा सकती है कि देश का पेट भरने वाले अन्नदाता किसान सोमवार को एक दिन के उपवास पर रहे। 2014 में सत्ता संभालने से पहले जब यूपीए सरकार की नीतियों (UPA Government Policies) को महापाप की …

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