नवउदारवादी शिकंजे में आजादी और गांधी

Mahatma Gandhi

आजादी की तरह गांधी की कद्र भी देश में नहीं बची है। फिर क्यों लोग गांधी की हत्या के लिए आरएसएस का विरोध करेंगे? सेकुलर खेमा जिस नवउदारवाद पर बाद में रोक लगाने की बात करता है, क्या भाजपा के सत्ता में नहीं रहने पर वह ऐसा करेगा?

क्या यह देश राम के चेहरे के साथ रावण का चेहरा बर्दाश्त कर सकता है..?

Poster Of The Man Who Killed Gandhi

हम भारत के लोग.. हम भारत के लोग…. (WE, THE PEOPLE OF INDIA,) इन्हीं शब्दों के साथ आरम्भ होता है हमारा संविधान…! संविधान की प्रस्तावना ने अंकित यह वाक्यांश ही बताता है कि हम स्वयं को इस इस संविधान के सुपुर्द करते हैं..! .संविधान …! ..जिसने हमें सभी प्रकार की स्वतंत्रता प्रदान की है…व्यवसाय की