मैं बांग्ला भाषा बोलता हूँ, इसलिए बंगाली हूँ : विवेकानन्द विश्वास

Vivekananda Vishwas

साक्षात्कार – विवेकानन्द विश्वास | Interview – Vivekananda Vishwas पूर्वी पाकिस्तान के खुलना, बरिशाल, फरीदपुर और जैसोर जनपदों से आने वाले हिन्दू बंगाली शरणार्थियों (Hindu Bengali Refugees) ने आखिर तक अपने देश में ही बसे रहने की कोशिश की। हालात सुधर जायेंगे, हिन्दू-मुसलमान दंगे रुक जायेंगे, इस उम्मीद में लाखों बंगाली 1947 से 1964 तक