‘ठाकुर’ ब्रांड जूता प्रकरण : योगी बताएं भाजपा सांसद ने भाजपा विधायक को किस ब्रांड के जूते से पीटा था

ऐसा तो हो नहीं सकता कि सिर्फ नासिर नाम के व्यक्ति ही 'ठाकुर' ब्रांड जूता बेचते होंगे। जगह-जगह बहुत सारे लोग इन जूतों को बेचते और पहनते होंगे। लेकिन पुलिस ने सिर्फ़ नासिर को ही मुस्लिम होने के कारण जेल भेजा...

‘ठाकुर’ ब्रांड जूता प्रकरण पर बोले शाहनवाज़ आलम, मुख्यमंत्री ने ख़ुद को मदारी और पुलिस को जमूरा बना दिया

योगी जी ने पुलिस को अपराधियों पर नज़र रखने के बजाए लोगों के जूतों के ब्रांड पर नज़र रखने के काम में लगा दिया है

लखनऊ, 5 जनवरी 2021। ‘ठाकुर’ ब्रांड जूता बेचने के कारण बुलन्दशहर पुलिस द्वारा नासिर नाम के व्यक्ति को जेल भेज देने की अल्पसंख्यक कांग्रेस के प्रदेश चेयरमैन शाहनवाज़ आलम ने निंदा की है।

उन्होंने इसे पुलिस के अब पूरी तरह से मदारी मुख्यमंत्री के इशारे पर उछलकूद करने वाला जमूरा बन जाने का प्रमाण भी बताया है।

शाहनवाज़ आलम ने जारी बयान में कहा कि ऐसा लगता है कि योगी जी ने पुलिस को अब अपराधियों पर नज़र रखने के बजाए लोगों के जूते के ब्रांड पर नज़र रखने की ज़िम्मेदारी दे दी है।

उन्होंने कहा कि योगी जी को अगर ठाकुर ब्रांड जूते से इतनी ही दिक़्क़त है तो उन्हें इन जूतों को बनाने वाली कम्पनी के मालिकों को पकड़ना चाहिए ना की उसे ठेला लगाकर बेचने वाले ग़रीब आदमी को।

उन्होंने कहा कि ऐसा तो हो नहीं सकता कि सिर्फ नासिर नाम के व्यक्ति ही ठाकुरब्रांड जूता बेचते होंगे। जगह-जगह बहुत सारे लोग इन जूतों को बेचते और पहनते होंगे। लेकिन पुलिस ने सिर्फ़ नासिर को ही मुस्लिम होने के कारण जेल भेजा। अगर योगी सरकार को सचमुच ठाकुर ब्रांड जूतों से दिक़्क़त है तो उसे चाहिए कि पुलिस को अब लोगों के जूते का ब्रांड चेक करने के काम में लगा दे।

कांग्रेस नेता ने कहा कि योगी जी को ठाकुर ब्रांड जूता बेचने वाले मुसलमानों को पकड़ने के बजाए ये बताना चाहिए कि संत कबीरनगर के भाजपा सांसद शरद त्रिपाठी ने भाजपा विधायक राकेश बघेल को किस ब्रांड के जूते से धुना था।

Donate to Hastakshep
नोट - हम किसी भी राजनीतिक दल या समूह से संबद्ध नहीं हैं। हमारा कोई कॉरपोरेट, राजनीतिक दल, एनजीओ, कोई जिंदाबाद-मुर्दाबाद ट्रस्ट या बौद्धिक समूह स्पाँसर नहीं है, लेकिन हम निष्पक्ष या तटस्थ नहीं हैं। हम जनता के पैरोकार हैं। हम अपनी विचारधारा पर किसी भी प्रकार के दबाव को स्वीकार नहीं करते हैं। इसलिए, यदि आप हमारी आर्थिक मदद करते हैं, तो हम उसके बदले में किसी भी तरह के दबाव को स्वीकार नहीं करेंगे। OR
उपाध्याय अमलेन्दु:
Related Post
Leave a Comment
Recent Posts
Donate to Hastakshep
नोट - हम किसी भी राजनीतिक दल या समूह से संबद्ध नहीं हैं। हमारा कोई कॉरपोरेट, राजनीतिक दल, एनजीओ, कोई जिंदाबाद-मुर्दाबाद ट्रस्ट या बौद्धिक समूह स्पाँसर नहीं है, लेकिन हम निष्पक्ष या तटस्थ नहीं हैं। हम जनता के पैरोकार हैं। हम अपनी विचारधारा पर किसी भी प्रकार के दबाव को स्वीकार नहीं करते हैं। इसलिए, यदि आप हमारी आर्थिक मदद करते हैं, तो हम उसके बदले में किसी भी तरह के दबाव को स्वीकार नहीं करेंगे। OR
Donations